पाकि ने भारतीयों को गुंमराह करने का बीड़ा भलीभांती उठाया

sikhपाकिस्तान सरकार की इस से बड़ी और निंदनीय हरकत देखने को क्या मिलेगी कि भारत के सिखों को भारत में गैर-राष्ट्रीय गतीविधियां फैलाने के लिए उकसाने के इलावा गुंमराह करने का बीड़ा भी भलीभांती उठा लिया है। पाकिस्तान गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के जनरल सचिव गोपाल सिंह चावला की ओर से गुरु नानक पातिशाह का जन्म स्थान ननकाणा साहब से 5 फरवरी 2017 को भारत के सिखों को गैर राष्ट्रीय झंडा उठाने का लिए उकसाया. कश्मीर आज़ादी के मुद्दे को मुख्य रख्ख मुंबई आक्रमण का मास्टर मायंड हाफिज सईद के हिमायती से मिल पाकसितान में भारत ख़िलाफ़ नाअरे लगाये गये। जारी किये विडिओ में सिख युवकों को विशिष्ट रूप पर दिखाया जा रहा है, जिस से कि दुविधा पैदा हो. भारतीय तिरंगे का अनादर करने के इलावा भारतीय झंडे को आग से जलाया गया। यू ऐस की ओर से डाले दबाव के कारण सईद को  कुछ समय नजरबंद रखा गया और उस का संस्थान कक्षा उद दावा से विकल्प ने नया नाम तहरीक आज़ादी जम्मू और कश्मीर तहत जम्मू कश्मीर में गतीविधियां तेज कीं जा रही हैं। संरक्षण एजेंसियों का मुख्य ध्यान जनरल सचिव गोपाल सिंह चावला पर है, जो कि एक धार्मिक संस्थान का मुख्खी हो कर आतंकवादी जथेबंदी का पुर्जोर समर्थन कर रहा है. इन के इन सम्बन्दो के कारण, पाकसितानी सिख युवकों के इलावा भारत अथवा भारत से बाहर रहते सिख युवक इन से अभिभूत हो किसी न किसी आतंकवादी संस्थान से जुड़ जाएँ, जो कि निंदनीय है. सोशल मीडिया भी चावला और सईद की नज़दीकी की गवाही देता है. दीनानगर पुलिस स्टेशन पर आक्रमण वाली वारदात से पहले भी इन को इकट्ठे देखा गया था। रोस मुजाहरा के दौरान चावला की ओर से सिर्फ भारत ख़िलाफ़ नाअरे ही नहीं लगाये गये बलकि हाफिज को कश्मीर के लोगों के लिए लड़ने वाला जरनैल बताया। समझा जा रहा है कि चावला भी सईद के माफ़िक पंजाब में सिख युवकों को जिहाद की तरज पर सिख अधिकारों के लिए कतलेआम के लिए गुंमराह कर सकता है जो कि बहुत ही दुखदाई होगा.